ज़िन्दगी का मेरे वो हसीं हिस्सा हो तुम, जिसे निकाल दूँ तो ज़िन्दगी ही न बचे!
तुम्हारी मुस्कान ही हमारी जान है, मुस्कुराते हो तो जी लेते हैं हम
इन आंखों को जबसे तेरा दीदार हो गया, लगता है मुझे पहली नजर का प्यार हो गया।
आँखें बंद करके भी जो एक चेहरा दिखाई दे, वो चेहरा हो तुम.!
बड़े प्यारे होते है न ऐसे रिश्ते …….जिन पर कोई हक़ भी न हो और शक भी न हो।
मेरे लफ्ज़ फ़ीके पड़ गए तेरी एक अदा के सामने, मैं तुझे ख़ुदा कह गया अपने ख़ुदा के सामने ।।
कभी उनको जी भर के देखा भी नहीं मैंने जिनके नाम से बदनाम करते हैं लोग मुझे….
तुम्हें कितनी मोहब्बत है… मालूम नहीं …. मुझे लोग आज भी तेरी क़सम दे कर मना लेते है
कभी कभी जब आँखे नहीं देख पाती, तब दिल देख लेता है…
अंजान बनकर मिले थे हम पर आज देखो एक दूसरे की जान बन गए।