मेरा स्टाइल ही मेरा एटीट्यूड है, और मेरा एटीट्यूड ही मेरी पहचान।
दुनिया क्या कहती है, इससे मुझे कोई फर्क नहीं पड़ता।
नजरें झुकाऊं तो ज़मीन फट जाए, मैं वो हौसला हूँ जो सब पर भारी पड़े।
ताज चाहिए तो संघर्ष भी झेलना पड़ेगा, मैं राज करने के लिए ही पैदा हुई हूँ।
जुड़ गई रूह तुझसे हो गई मुकम्मल मोहब्बत मेरी
रात होती है हर शाम के बाद, तेरी याद आती है हर बात के बाद, हमने खामोश रहकर भी देखा है तेरी आवाज आती है मेरी हर सांस के बाद।
रात गुमसूँ है मगर चेन खामोश नही कैसे कह दू आज फिर होश नही, ऐसा डूबा तेरी आखो की गहराई मैं, हाथ में जाम है मगर पीने का होश नही
मेरे दिल ने जब भी दुआ माँगी है, तुझे माँगा है तेरी वफ़ा माँगी है, जिस मोहब्बत को देख के दुनिया को रश्क आये, तेरे प्यार करने की वो अदा माँगी है।
तेरे हुश्न पे कुर्बान हो जाऊ तेरी बाहों में बेजान हो जाऊ ऐसी नज़ाक़त है तेरी सूरत की की मै तेरा गुलाम हो जाऊ
तुम हशीन हो के गुलाब जैसी हो, बहुत नाजुक हो ख्वाब जैसी हो, होठों से लगाकर पी जाऊं तुम्हे, सर से पाँव तक शराब जैसी हो।